पसमांदा विरोधियों को बेनकाब करेंगे: इरफान जामियावाला
पसमांदा विरोधियों को बेनकाब करेंगे: इरफान जामियावाला
NR इंडिया NEWS
लखनऊ, 17 अप्रैल 2026: आल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज के सरपरस्त इरफान जामियावाला ने जातिगत जनगणना को लेकर मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली के बयान पर कड़ा एतराज जताया है। उन्होंने इसे पसमांदा तबकात के साथ संगीन बेवफाई बताया।
➤ क्या है पूरा मामला: मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने हाल में बयान दिया था कि मुसलमान जनगणना में अपनी जात दर्ज न कराएं। इस पर इरफान जामियावाला ने कहा कि जो लोग मुसलमानों को जात दर्ज कराने से रोक रहे हैं, वही ताकतें पसमांदा तबकात को आरक्षण और सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के हक से महरूम रखना चाहती हैं।
➤ जनगणना आंदोलन को गुमराह करने की साजिश: जामियावाला ने कहा कि जातिगत जनगणना के लिए पूरे मुल्क में तहरीक चली, अवाम ने कुर्बानियां दीं। अब कुछ लोग बंद कमरों में बैठकर गुमराह करने की साजिश कर रहे हैं। मौलाना का बयान पसमांदा तबकात को तरक्की की राह से महरूम करने जैसा है।
➤ अशराफ की सियासत बेनकाब होने का डर: उन्होंने सवाल उठाया कि पर्सनल लॉ बोर्ड और कुछ खास तबकों को पसमांदा बिरादरियों की सही तादाद सामने आने से बेचैनी क्यों है। क्या उन्हें डर है कि धोबी, हज्जाम, मंसूरी, राइन, अंसारी, फकीर, जोगी, सैफी, इदरीसी, मनिहार, हलवाई, घोसी, गद्दी, कुरैशी जैसी पिछड़ी बिरादरियों की हकी तादाद जाहिर होने से अशराफ तबके की सरपरस्ती की सियासत बेनकाब हो जाएगी?
➤ अब ब्लैकमेल का दौर खत्म: इरफान जामियावाला ने कहा कि मजहब और जबान के नाम पर पसमांदा तबकात को जज्बाती तौर पर ब्लैकमेल करने का दौर अब खत्म हो चुका है। मौलाना का बयान गुमराह करने वाला है और पसमांदा तहरीक को कमजोर करने की मंसूबाबंद कोशिश है।
➤ दो टूक चेतावनी: आखिर में उन्होंने कहा कि अब पसमांदा तबकात किसी फतवे या दबाव में नहीं आएंगे। हम अपनी पहचान भी दर्ज कराएंगे और दस्तूरी हक भी हासिल करके रहेंगे। जो भी इस राह में रुकावट बनेगा, उसे बेनकाब किया जाएगा और तारीख उसे कभी माफ नहीं करेगी।
प्रेस नोट: इरफान जामियावाला, सरपरस्त आल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज

