वैशाली की बेटी फलक नाज़ ने रचा सफलता का इतिहास, इंटरमीडिएट परीक्षा में प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण
वैशाली की बेटी फलक नाज़ ने रचा सफलता का इतिहास, इंटरमीडिएट परीक्षा में प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण
रिपोर्ट-नसीम रब्बानी, बिहार
चेहराकलां (वैशाली):बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा घोषित इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2026 के परिणाम में इस बार वैशाली जिले के चेहराकलां प्रखंड से एक बार फिर प्रतिभा की चमक देखने को मिली। राजकीय उच्च विद्यालय, बखरीदो की मेधावी छात्रा फलक नाज़ ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम श्रेणी (1st Division) हासिल कर अपने विद्यालय, परिवार और पूरे क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया है।
फलक नाज़, गुलाम सर्वर कि पुत्री है । उन्होंने विज्ञान संकाय से परीक्षा देते हुए कुल 420 अंक (चार सौ बीस अंक) प्राप्त किए। उनके विषयवार अंक भी काफी प्रभावशाली रहे—अंग्रेजी में 93 अंक, उर्दू में 88 अंक, भौतिकी में 79 अंक, रसायन विज्ञान में 85 अंक तथा जीवविज्ञान में 75 अंक प्राप्त कर उन्होंने अपनी मेहनत और लगन का परिचय दिया।
फलक नाज़ शुरू से ही पढ़ाई के प्रति गंभीर और अनुशासित छात्रा रही हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और निरंतर परिश्रम को दिया। उनका कहना है कि नियमित अध्ययन, समय प्रबंधन और लक्ष्य के प्रति समर्पण ही उनकी सफलता की कुंजी रहा।
विद्यालय के शिक्षकों ने फलक की इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि वह हमेशा से ही कक्षा में सक्रिय और मेहनती रही हैं। शिक्षकों के अनुसार, फलक नाज़ की सफलता अन्य छात्रों के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण है, जिससे वे भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित होंगे।
फलक नाज़ के पिता गुलाम सरवर ने बेटी की इस उपलब्धि पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि यह उनके परिवार के लिए अत्यंत खुशी का क्षण है। उन्होंने बताया कि फलक बचपन से ही पढ़ाई में रुचि रखती थीं और उन्होंने कभी भी कठिनाइयों को अपने लक्ष्य के आड़े नहीं आने दिया। परिवार के अन्य सदस्यों ने भी फलक की सफलता पर हर्ष व्यक्त करते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
शिक्षक मो. नसीम अख्तर ने खुशी जताते हुए कहा कि फलक नाज़ आगे चलकर उच्च शिक्षा प्राप्त करें और समाज तथा देश की सेवा करें। उनकी इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो सफलता निश्चित रूप से मिलती है।
