पटना IMA हॉल में BHSA की बैठक: डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक के फैसले की निंदा, वैकल्पिक करने की मांग”
“पटना IMA हॉल में BHSA की बैठक: डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक के फैसले की निंदा, वैकल्पिक करने की मांग”
पटना, 12 अप्रैल 2026:बिहार स्वास्थ्य सेवा संघ (BHSA) की कोर कमेटी और इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) के सदस्यों की एक महत्वपूर्ण बैठक आज *IMA हॉल, पटना* में आयोजित की गई। बैठक में सरकार द्वारा सरकारी डॉक्टरों की *निजी प्रैक्टिस पर प्रतिबंध* लगाने के एकतरफा फैसले की कड़ी निंदा की गई।
BHSA ने कहा कि इस फैसले से हजारों डॉक्टरों और उनसे जुड़े स्वास्थ्य कर्मियों के रोजगार पर सीधा असर पड़ेगा। बिना किसी सलाह-मशविरे के ऐसा कदम उठाना अलोकतांत्रिक है।
*BHSA की 5 प्रमुख मांगें:*
1. *फैसले पर तुरंत पुनर्विचार:* सरकार इस एकतरफा फैसले पर तुरंत पुनर्विचार करे और सभी हितधारकों, खासकर BHSA के साथ विस्तृत विमर्श करे।
2. *अनिवार्य की जगह वैकल्पिक हो:* यदि नीति लागू करनी ही है तो इसे अनिवार्य न रखकर *वैकल्पिक (Optional)* बनाया जाए।
3. *केवल नई नियुक्तियों पर लागू हो:* वर्तमान में कार्यरत डॉक्टरों पर इसे जबरन लागू न किया जाए, सिर्फ नई नियुक्तियों पर लागू किया जाए।
4. *वेतन-भत्तों में बढ़ोतरी:* डॉक्टरों के वेतन, भत्तों और कार्य-परिस्थितियों में सुधार किया जाए ताकि वे पूरी निष्ठा से सरकारी सेवा दे सकें।
5. *बुनियादी ढांचा मजबूत हो:* सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों की आधारभूत संरचना को मजबूत किया जाए ताकि डॉक्टरों की दक्षता प्रभावित न हो।
*आंदोलन की चेतावनी:*
BHSA की कोर कमेटी ने साफ किया कि यदि सरकार ने इस मुद्दे पर गंभीर विचार-विमर्श नहीं किया तो *बिहार स्वास्थ्य सेवा संघ राज्यव्यापी आंदोलन* करने के लिए बाध्य होगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
बैठक में IMA के पदाधिकारियों समेत सैकड़ों डॉक्टर मौजूद थे। सभी ने एकमत से सरकार से मांग की कि डॉक्टरों के सम्मान और रोजगार से जुड़े इस संवेदनशील मुद्दे पर जल्द से जल्द बातचीत की जाए।
रिपोर्ट: सनोवर खान, एडिटर,एन.आर. इंडिया टीवी न्यूज़, पटना
