“नई सियासत, नई उम्मीद: इरफान जामियावाला ने सम्राट चौधरी के नेतृत्व पर रखी बड़ी बात”
“नई सियासत, नई उम्मीद: इरफान जामियावाला ने सम्राट चौधरी के नेतृत्व पर रखी बड़ी बात”
रिपोर्ट :नसीम रब्बानी, बिहार, एन आर इंडिया न्यूज़
वैशाली, 14 अप्रैल 2026: बदलते बिहार की सियासी तस्वीर पर बिहार विकास मंडल के *इरफान जामियावाला* ने एक विचारोत्तेजक बयान जारी किया है। महुआ, वैशाली से जारी इस प्रेस नोट में उन्होंने बिहार के नए नेतृत्व से जुड़ी उम्मीदों, सवालों और जिम्मेदारियों पर खुलकर बात रखी।
➤ सियासत का सच: इरफान जामियावाला ने कहा, _”हर दौर अपने नेताओं के साथ याद किया जाता है। नीतीश कुमार का कार्यकाल भी इतिहास में दर्ज रहेगा – किसी के लिए विकास का प्रतीक, तो किसी के लिए अधूरी उम्मीदों की कहानी। लेकिन सियासत का सच यही है कि समय आगे बढ़ता है, और नेतृत्व भी बदलता है।”_
➤ नई शुरुआत की मुबारकबाद:
उन्होंने सम्राट चौधरी को दिल से मुबारकबाद देते हुए कहा कि यह सिर्फ राजनीतिक बदलाव नहीं, बल्कि नई सोच, नई प्राथमिकताओं और नए सामाजिक संतुलन की शुरुआत का संकेत है।
➤ असली इम्तिहान: जामियावाला ने दो-टूक कहा कि बिहार जैसे विविध समाज में नेतृत्व का असली इम्तिहान केवल विकास योजनाओं से नहीं, बल्कि न्याय और समान अवसर देने से होता है। खासकर उन तबकों के लिए जो लंबे समय से हाशिये पर रहे हैं, जिनमें पसमांदा मुसलमान भी शामिल हैं।
➤ ‘अलिफ़ ब’ और ‘क ख’ का प्रतीक: उन्होंने लिखा, _”अलिफ़ ब और क ख का जिक्र सिर्फ भाषा का नहीं, बल्कि उस साझा संस्कृति और पहचान का प्रतीक है, जिसे बिहार सदियों से जीता आया है।”_
बड़े सवाल:
➤ क्या नया नेतृत्व उस भरोसे को मजबूत करेगा?
➤ क्या पसमांदा समाज को शिक्षा, रोज़गार और राजनीतिक भागीदारी में बराबरी का हक मिलेगा?
➤ क्या विकास का फायदा आखिरी पंक्ति में खड़े इंसान तक पहुंचेगा?
➤ सुनहरा अवसर: इरफान जामियावाला ने कहा कि सम्राट चौधरी के सामने सुनहरा अवसर है कि वे सिर्फ सरकार न चलाएं, बल्कि सामाजिक न्याय और विकास का ऐसा मॉडल पेश करें जो साथ-साथ चले। बिहार को आज ऐसे नेतृत्व की ज़रूरत है जो सिर्फ आंकड़ों में नहीं, बल्कि ज़मीन पर बदलाव दिखाए।
➤ इतिहास का फैसला: अंत में उन्होंने याद दिलाया, _”इतिहास गवाह है कि नेता अपने फैसलों से पहचाने जाते हैं। आने वाला वक्त तय करेगा कि यह बदलाव सिर्फ सत्ता का था या सच में समाज के हर वर्ग के लिए एक नई शुरुआत।”_
