अंधविश्वास पर निर्णायक प्रहार: युवा जादूगर आनंद बिहारी का महुआ में भव्य शो
अंधविश्वास पर निर्णायक प्रहार: युवा जादूगर आनंद बिहारी का महुआ में भव्य शो
रिपोर्ट: सुधीर मालाकार
हाजीपुर (वैशाली)
जिले के महुआ नगर स्थित डॉ. राजेंद्र प्रसाद पब्लिक हाई स्कूल में युवा जादूगर आनंद बिहारी ने अंधविश्वास के खिलाफ अपने जादुई शो से लोगों को हैरत में डाल दिया। एक से बढ़कर एक कारनामे देखकर दर्शक दंग रह गए।
*अंधविश्वास की जड़ों पर चोट*
बिहार की सांस्कृतिक भूमि से निकलकर राष्ट्रीय पटल पर पहचान बनाने वाले वैशाली निवासी आनंद बिहारी ने एक बार फिर अपनी सशक्त प्रस्तुति से अंधविश्वास और पाखंड को चुनौती दी। पिछले दो दशकों से देशभर में जागरूकता अभियान चला रहे आनंद बिहारी का यह प्रयास अब जन-आंदोलन का रूप ले रहा है।
*वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा*
विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में आनंद बिहारी ने विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों से खचाखच भरे प्रांगण में कला का ऐसा प्रदर्शन किया कि दर्शक मंत्रमुग्ध होने के साथ सोचने पर मजबूर हो गए। हर प्रस्तुति के साथ तालियों की गूंज बढ़ती गई।
उन्होंने तथाकथित तांत्रिकों और पाखंडी बाबाओं के ‘चमत्कारों’ की परतें मंच पर ही खोल दीं। ‘मंत्रों से अग्नि प्रज्वलित करने’ जैसी क्रियाओं का जीवंत प्रदर्शन कर उसके पीछे छिपे रासायनिक और भौतिक विज्ञान को सरल भाषा में समझाया। यह दृश्य दर्शकों के लिए चौंकाने वाला और आंखें खोल देने वाला था।
*विद्यालय प्रबंधन ने सराहा*
विद्यालय प्रबंधन ने इस पहल को सराहनीय बताते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और तार्किक सोच विकसित करते हैं। प्रधानाचार्य ने कहा, “आज जब अंधविश्वास और भ्रम तेजी से फैल रहे हैं, तब आनंद बिहारी जैसे कलाकार सामाजिक परिवर्तन के वाहक हैं।”
*जादू नहीं, सामाजिक शिक्षा का माध्यम*
आनंद बिहारी का मानना है कि जादू केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि समाज को शिक्षित करने की प्रभावशाली कला है। उनके शब्दों में, “यदि हमारी प्रस्तुति लोगों को सत्य और असत्य के बीच अंतर समझाने में सफल हो जाए, तो यही हमारी सबसे बड़ी उपलब्धि है।”
कार्यक्रम के समापन पर पूरा सभागार तालियों से गूंज उठा। विद्यार्थियों और शिक्षकों ने खड़े होकर उनका अभिनंदन किया। निस्संदेह, आनंद बिहारी का यह अभियान जादू की दुनिया में अभिनव प्रयास के साथ सामाजिक चेतना और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार की प्रेरक पहल है।
