श्रद्धा पूर्वक याद किए गए पुस्तकालय विज्ञान के जन्मदाता एस आर रंगनाथन। ब्यूरो रिपोर्टर: सुधीर मालाकार । महुआ (वैशाली )वैशाली उच्चतर माध्यमिक विद्यालय महुआ के सभाकक्ष में विश्व पुस्तकालय दिवस के अवसर पर पुस्तकालय विज्ञान के जन्मदाता एस आर रंगनाथन की 129 वी जयंती समारोह श्रद्धा पूर्वक मनाई गई । समारोह की अध्यक्षता विद्यालय के पुस्तकालय अध्यक्ष रविंद्र कुमार ने की। सर्वप्रथम एस आर रंगनाथन की तैलीय चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए गए। वक्ताओं ने कहा कि पूर्व में कुछ लोग शौक के तौर पर अपने घर में पुस्तकालय को अलमारी में सजाकर रखते थे या फिर अध्ययन करते थे, लेकिन एसआर नाथन ने सार्वजनिक पुस्तकालय की स्थापना कर आम जनों के लिए सर्व सुलभ की। पुस्तकालय वैसी विद्या मंदिर है जहां पर सर्वांगीण विकास करने की शक्ति होती है ।विद्यार्थियों, युवाओं एवं प्रतियोगी परीक्षार्थियों के लिए पुस्तकालय एक अमूल धरोहर है ,जिससे संजोकर अपने जीवन में एक शिक्षित व सभ्य नागरिक बना जा सकता है । वक्ताओं ने आज पुस्तकालय की उपयोगिता पर बल देते हुए एसआर नाथन की योगदान की चर्चा की, कहा की एक कुशल पाठक ही पुस्तक एवं पुस्तकालय की महत्ता को समझ सकता है। पुस्तक से अच्छा कोई मित्र नहीं हैं ,जिसे अपने पास होने से जीवन की हर समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है। समारोह को संबोधित करने वालों में शिवनाथ शर्मा ,केदार राय, कुंदन कुमार, पुरुषोत्तम कुमार ,साधना कुमारी सहित अन्य विद्वतजन शामिल थे ।