SBI सुमेर गंज खाताधारकों को रुपया निकालने में होती है सुबह से शाम ।
SBI सुमेर गंज खाताधारकों को रुपया निकालने में होती है सुबह से शाम ।
अपने पसीने की कमाई को निकलने में पसीने छूट जाते हैं/ खाता धारक
वैशाली चेहरा काला प्रखंड अंतर्गत सुमेर गंज स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के खाता धारकों को गत वर्षों से ही अपना जमा रुपया निकालने में होती है सुबह से शाम ज्ञात हो कि यह बैंक मुख्य रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में है जहां अधिकांश खाता मजदूर और किसान का खाता चल रहा है इस जुझ रहे खाता धारक को अपना रुपया निकालने में पसीना की कमाई को निकलने में पसीना छुट जाता है खड़े खड़े महिला को पैर में दर्द के साथ झुनझुनी आजाती है वही हाल पुरुष का भी होता है और थक हार कर रुपया की आवश्यकता खाता धारकों को जमीन पर निचे बैठना परता है कभी आगे पीछे करने के कारण महिलाएं अपने नंबर के लिए लड़ बैठती है जो स्टेट बैंक ऑफ इंडिया सुमेर गंज शाखा के लिए शर्म की बात है इस तरह सुस्त कार्य को करने से शाखा बदनाम होगा और धारकों की संख्या कम होंगी तो सरकार को लाभ के बजाए हानि होगा मालूम हो कि एकल खिड़की से महिला एवं पुरूष के खाता संचालन होने एवं बैंक के इस कुव्यवस्था खाता धारक को दम निकाल देता है जो शाखा के उच्च अधिकारी के लिए विचारणीय है अब देखना यह होगा कि सुमेर गंज के खाता धारकों को इस परीशानी से कब तक राहत मिलती है या इसी तरह अपने पसीने की कमाई को निकलने में खाता धारक को पसीने छुटते रहेंगे ।
