पातेपुर के मौदह चतुर उच्च माध्यमिक विद्यालय में 13शिक्षकों पर 17 विद्यार्थी उपस्थि , जिला शिक्षा पदाधिकारी ने काटा आधा वेतन ।
पातेपुर के मौदह चतुर उच्च माध्यमिक विद्यालय में 13शिक्षकों पर 17 विद्यार्थी उपस्थि , जिला शिक्षा पदाधिकारी ने काटा आधा वेतन ।
_रिपोर्ट: सुधीर मालाकार
पातेपुर (वैशाली) — उत्क्रमित उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मौदह चतुर में उप-मुखिया प्रतिनिधि राजीव कुमार सिंह के 26 मार्च के औचक निरीक्षण ने शिक्षा तंत्र की कलई खोल दी। वीडियो साक्ष्य में कक्षा 9-11 के 180 नामांकित विद्यार्थियों में महज 17 दिखे, जबकि 1 प्रधानाध्यापक और 12 शिक्षक विद्यालय में पदस्थापित हैं। जिला पदाधिकारी की फटकार के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी ने सभी शिक्षकों के मार्च माह का आधा वेतन काटने का आदेश जारी किया और स्पष्ट किया कि अप्रैल में 70% उपस्थिति न बनी तो वेतन भुगतान स्थगित रहेगा।
स्थानीय अभिभावकों का आरोप है कि पढ़ाई-लिखाई की अनियमितता, कक्षाओं की खाली-बेंचे अनियमितता की भनक ने अभिभावकों का मोहभंग किया। प्रशासन का कहना है कि प्रधानाध्यापक को छात्र-प्रेरणा, गृह-भ्रमण, अभिभावक-सम्पर्क और दैनिक उपस्थिति ऑडिट पर तुरंत कार्ययोजना देनी होगी। साथ-ही-साथ विद्यालय निरीक्षण की मासिक रिपोर्ट, डिजिटल रजिस्टर और एसएमसी की जवाबदेही तय करने का निर्देश है।
राजीव कुमार सिंह की इस पहल की पंचायत-स्तर तक प्रशंसा हो रही है; लोगों का मानना है कि जब तक वेतन-उपस्थिति सहसम्बद्धता और जवाबदेही तय न होगी, मौदह चतुर जैसे विद्यालय समाज के संसाधनों पर केवल बोझ बने रहेंगे।
