प्रचार-प्रसार के अभाव के कारण शिविर में नहीं पहुंच रहे फरियादी
प्रचार-प्रसार के अभाव के कारण शिविर में नहीं पहुंच रहे फरियादी
महुआ, नवनीत कुमार
अपना पंचायत अपना प्रशासन कार्यक्रम के तहत सोमवार को महुआ प्रखंड की गौसपुर चकमाजाहिद पंचायत के शंकरपुर स्थित सामुदायिक भवन पर शिविर लगाया गया। इस शिविर में फरियादियों की भीड़ कम हुई। हालांकि इस बीच आए 24 आवेदनों में 13 का निपटारा मौके पर किया गया। जबकि 11 आवेदन संबंधित विभाग को भेजे गए।
यहां कार्यक्रम के दौरान लोगों ने पंचायत सचिव को पदभार नहीं दिए जाने का मामला उठाया। बताया गया कि बीते 6 महीने से पंचायत सचिव दिलीप कुमार भगत को पूर्व पंचायत सचिव रामनरेश राय द्वारा पदभार नहीं दिए जाने के कारण विकास कार्य बाधित हो रहा है। पंचायत में आरटीपीएस काउंटर को लेकर भी लोगों ने सवाल खड़ा किया। इस मौके पर मुख्य रूप से उपस्थित मुखिया कुमारी स्मिता ने लोगों को समझाया और प्रशासन से उनकी मांग पूरा किए जाने का आश्वासन दिया।
अंचलाधिकारी अमर सिन्हा ने जानकारी देते हुए बताया कि अपना पंचायत अपना प्रशासन कार्यक्रम का आयोजन गौसपुर चकमाजाहिद पंचायत के शंकरपुर स्थित सामुदायिक भवन पर में की गई। जिसमें अधिकतर समस्या नल जल, राशन, पीएम आवास, मनरेगा, आंगनवाड़ी, सामाजिक सुरक्षा लाभ से आए। उन्होंने बताया कि शिविर में 24 आवेदन आए। जिसमें 13 का निपटारा मौके पर ही कर दिया गया। जबकि 11 आवेदनों को संबंधित विभाग को भेजा गया है। बताया गया कि पंचायतों में नल जल से संबंधित अधिक मामले आ रहे हैं। कहीं पानी नहीं चल रहा है तो कहीं पाइप फूटे हैं। कहीं नल में टोटी नहीं है तो कहीं समय से पानी की सप्लाई नहीं की जाती है। कई जगह पर तो पाइप ही नहीं बिछाए गए। जिससे लोगों को इस गर्मी में पेयजल की समस्या खड़ी हो रही है। इस कार्यक्रम में उपस्थित सीडीपीओ अनिता जायसवाल से आंगनवाड़ी से शिकायत लोगों ने की। इधर लोगों का कहना था कि राजस्थान मनरेगा से संबंधित काफी आवेदन आए लेकिन अधिकतर विभाग के न तो पदाधिकारी पहुंचे नहीं उनके कोई प्रतिनिधि। यहां लोगों ने कहा कि यह कार्यक्रम में सिर्फ खानापूर्ति की जा रही है। लोगों का यह कहना हुआ कि प्रचार-प्रसार के अभाव में यह कार्यक्रम पूरी तरह फ्लॉप हो रहा है। शिविर में कब पदाधिकारी पहुंचते हैं और कितने देर में चले जाते हैं यह लोगों को पता ही नहीं चलता। यहां लोगों ने बताया कि शिविर में आवेदन देने के लिए जब तक कई लोग पहुंचे। तब तक पदाधिकारी और सारे कर्मी गायब थे। मुखिया पति सह जदयू अति पिछड़ा प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष अजय भूषण दिवाकर, पैक्स अध्यक्ष अशोक यादव आदि ने भी बताया कि प्रचार प्रसार के अभाव और पदाधिकारियों से रवैया के कारण यह कार्यक्रम से लोगों को लाभ नहीं मिल रहा है।
