हम सभी शिक्षकों के लिए बच्चें ही हमारे सर्वश्रेष्ठ धन है ।
हम सभी शिक्षकों के लिए बच्चें ही हमारे सर्वश्रेष्ठ धन है ।
इन बच्चों को थोड़ा सा प्यार, दुलार देने के उद्देश्य से आज विद्यालय में बाल भोज का आयोजन किया गया । हम सदा अपने बच्चों के बारे में सोचते हैं । चाहे उनके पढ़ाई, उनके सपनों में नई उड़ान भरने के बारे में सदा चिन्तन करते रहते हैं । दो दिन पहले बच्चों ने आग्रह किया कि इस बार भी बाल दिवस पर भोज होनी चाहिए, बस उनके ख़ुशी में हम सभी शिक्षकों की ख़ुशी थीं । आज सभी शिक्षकों ने अपने हाथों से इन बच्चों के लिए भोजन बनाने में सहयोग तथा कुछ शिक्षकों ने अपने हाथों से बच्चों को खिलाया । हमें आज अपने बच्चों को बाल भोज करने में जो ख़ुशी मिली है, इसका वर्णन नहीं किया जा सकता । ये बच्चें हमारे भविष्य है । हम सदा इनके जीवन को उज्ज्वल बनाने के लिए कृत संकल्पित है । एक बार फिर मैं उस परम पिता परमेश्वर, सदगुरुदेव से प्रार्थना करता हू कि हमारे सभी बच्चें इसी तरह हँसते, मुस्कुराते रहे और जीवन रूपी बगिया में अपने सपनों को पूरा कर अपने माता, पिता तथा अपने गुरुजनों का मान बढ़ाएं । आज पूरे विद्यालय के सभी शिक्षक, शिक्षिकाओं की ओर से बाल दिवस पर हमारे सभी बच्चों को ढेर सारा प्यार, स्नेह व आशीर्वाद ।
