सभी पसमांदा मुस्लिम अपनी जाति ही लिखे, मुस्लिम न लिखे..
अति आवश्यक सूचना केवल और केवल मुस्लिम अनुसूचित समाज के लिए-
इरफान जामियावाला राष्ट्रीय महासचिव आल इंडिया पसमांदा हिंदू मुस्लिम महासभा ने सभी देशवासियों जो पसमांदा
अनुसूचित जाति से है उनसे अहवाहन किया की सभी पसमांदा मुस्लिम अपनी जाति ही लिखे, मुस्लिम न लिखे..
केवल मुस्लिम अनुसूचित समाज को ही भेजें, परन्तु भेजें अवश्य। अगर यह संदेश प्रत्येक अनुसूचित जाति तक नहीं पहुँचा तो यह हमारी बहुत बड़ी असफलता होगी।
भारत सरकार ने एनपीआर करने की घोषणा की है।
इसमें भारतीय नागरिक की जनगणना की जायेगी। अतः आप सभी अनुसूचित समाज के भाई ध्यान रखें कि राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर में जाति के कॉलम में सिर्फ अनुसूचित जाति ही लिखना है। कोरी, कमल, दिवाकर, भारती, पासवान, गौतम, दोहरे, कठेरिया, निषाद, कोली, चमार, धुसिया, रंगिया, रविदसिया, अन्य कोई सरनेम अथवा कोई टाइटल आदि न लिखें सिर्फ और सिर्फ अनुसूचित जाति ही लिखना है। ताकि अपने अनुसूचित समाज के जनसंख्या के आँकड़े सरकार तक पहुँचे कि देश में कितने अनुसूचित जाति के लोग हैं। हर अनुसूचित बन्धु तक मोबाइल में उपरोक्त जानकारी पहुँचानी है। यह
हम सभी की सामाजिक जिम्मेदारी है। अनुसूचित कृपया अधिक से अधिक शेयर करें..
इरफान जामियावाला
पसमांदा मुसलमान समाज सेवक
