तुर्की में सावित्रीबाई फुले की 129वीं पुण्यतिथि पर दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि।
तुर्की में सावित्रीबाई फुले की 129वीं पुण्यतिथि पर दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि।
_रिपोर्ट: सुधीर मालाकार_
तुर्की (मुजफ्फरपुर) — यूनिक कोचिंग सेंटर में भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की 129वीं पुण्यतिथि श्रद्धा और संकल्प के साथ मनाई गई। वक्ता संदीप माली ने बताया कि किस तरह सावित्रीबाई ने पहली बालिका पाठशाला चलाई — कीचड़-प्रतिरोध, सामाजिक बहिष्कार और रूढ़ियों के बावजूद — और क्रांतिज्योति के रूप में प्रतिष्ठित हुईं। ज्योतिबा फुले के किसान-शिक्षा प्रयोग का भी उल्लेख हुआ। संस्थान निदेशक धनंजय प्रजापति ने भारत सरकार से दोनों को भारत-रत्न देने की माँग दोहराई।
मौके पर बीजेपी ओबीसी मोर्चा के जिलाउपाध्यक्ष उमाशंकर मालाकार, निशु कुमारी, सरपंच पूनम भगत, रामबाबू माली, संतोष कुमार, किरण मालाकार, किशोरी भगत सहित अनेक छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। सभा का समापन “जय फुले” उद्घोष के साथ हुआ।
