खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 : जिला पदाधिकारी द्वारा धान अधिप्राप्ति एवं सीएमआर आपूर्ति की समीक्षा
खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 : जिला पदाधिकारी द्वारा धान अधिप्राप्ति एवं सीएमआर आपूर्ति की समीक्षा
वैशाली जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 के अंतर्गत धान अधिप्राप्ति कार्य जिला प्रशासन के सतत पर्यवेक्षण एवं सक्रिय प्रयासों से निरंतर प्रगति पर है। जिला पदाधिकारी, वैशाली श्रीमती वर्षा सिंह (भा.प्र.से.) ने दिनांक 13.03.2026 को धान अधिप्राप्ति 2025–26 एवं सीएमआर (CMR) गिराव की समीक्षा अपने कार्यालय प्रकोष्ठ मे की। समीक्षा के दौरान संबंधित पदाधिकारियों को अधिप्राप्ति कार्य में और तेजी लाने तथा शेष लक्ष्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया गया।
जिला सहकारिता पदाधिकारी, वैशाली द्वारा बताया गया कि जिले में निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध अब तक लगभग 86.4% धान की अधिप्राप्ति सफलतापूर्वक की जा चुकी है, जो किसानों की सक्रिय भागीदारी एवं प्रशासन की प्रभावी कार्यप्रणाली का परिणाम है। धान अधिप्राप्ति की अंतिम तिथि 31 मार्च 2026 निर्धारित है।
वहीं जिला प्रबंधक, राज्य खाद्य निगम, वैशाली द्वारा जानकारी दी गई कि जिले में सीएमआर (कस्टम मिल्ड राइस) की आपूर्ति भी लगभग 33% पूर्ण की जा चुकी है।
जिला सहकारिता पदाधिकारी द्वारा सभी किसानों से अपील की गई है कि वे अधिक से अधिक संख्या में अपने धान की बिक्री पैक्स (PACS) के माध्यम से कर न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ प्राप्त करें। जिला प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो तथा क्रय प्रक्रिया पारदर्शी एवं सुचारु रूप से संचालित हो।
धान क्रय के साथ-साथ किसानों को त्वरित भुगतान उपलब्ध कराना भी जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। इसी क्रम में अब तक लगभग 94% किसानों को उनके धान का भुगतान सफलतापूर्वक किया जा चुका है, जिससे किसानों में विश्वास एवं संतोष का वातावरण बना है।
सहकारिता तंत्र को और अधिक सशक्त एवं बहुआयामी बनाने के उद्देश्य से सहकारिता विभाग, वैशाली द्वारा दिनांक 14 मार्च 2026 को रीता पैलेस, हथसारगंज, हाजीपुर में एक दिवसीय प्रशिक्षण-सह-कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यशाला में जिले के पैक्स अध्यक्ष, प्रबंधक एवं व्यापार मंडल अध्यक्ष भाग लेंगे। कार्यक्रम के दौरान सहकारिता से संबंधित विभिन्न योजनाओं, धान अधिप्राप्ति की प्रक्रिया, पारदर्शिता एवं डिजिटल प्रणाली पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। साथ ही पैक्स को बहुउद्देशीय सेवा केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में मार्गदर्शन दिया जाएगा, ताकि वे कॉमन सर्विस सेंटर (CSC), कृषि समृद्धि केंद्र, जन औषधि केंद्र, पेट्रोल पंप आदि सेवाओं के संचालन के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में बहुआयामी सेवाएं उपलब्ध करा सकें
जिला पदाधिकारी वैशाली का मानना है कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य समय पर प्राप्त हो तथा सहकारिता तंत्र के माध्यम से कृषि विपणन व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सके। प्रशासन द्वारा सभी संबंधित पदाधिकारियों को धान अधिप्राप्ति कार्य को निर्धारित समय-सीमा के भीतर सफलतापूर्वक पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया गया है।
