गरीब-लाचार मरीजों को मिल रही डायलिसिस की सुविधा, राशन कार्डधारकों को मुफ्त सुविधा
गरीब-लाचार मरीजों को मिल रही डायलिसिस की सुविधा, राशन कार्डधारकों को मुफ्त सुविधा
– जिले के सैकड़ों परिवारों ने कराया इलाज, 2021 में हुआ था शुभारंभ
सीतामढ़ी, 27 जून।
सदर अस्पताल में निर्मित डायलिसिस सेंटर में किडनी की बीमारी से ग्रसित गरीब और लाचार मरीजों का इलाज जारी है। जिले के सदर अस्पताल में डायलिसिस सेंटर खुलने से गरीबों के साथ-साथ सभी तबके के मरीजों को राहत मिल रही है। पहले जहां किडनी रोग से संबंधित मरीज अपना डायलिसिस दिल्ली और अन्य दूसरे शहर में करा रहे थे। सदर अस्पताल में इसकी सुविधा मिलने के बाद से ये सीतामढ़ी में ही डायलिसिस करा रहे हैं। अस्पताल प्रबंधक ने कहा कि डायलिसिस के लिए जिले के मरीजों को अब पटना-दिल्ली नहीं जाना पड़ रहा है। मरीज अपना निबंधन कराकर सदर अस्पताल में ही डायलिसिस कराने पहुंच रहे हैं। मरीजों की देखरेख के लिए नर्सिंग स्टाफ, तकनीशियन और विशेषज्ञ मौजूद रहते हैं।
राशन कार्डधारकों को मुफ्त सुविधा–
यहां पर राशन कार्ड में सम्मिलित परिवार को डायलिसिस निःशुल्क सुविधा दी रही है। साथ ही आयुष्मान कार्ड धारकों भी मुफ्त में यह सुविधा मिलती है। जिनका नाम राशन कार्ड में नहीं है, उन्हें मात्र 1634 रुपए सरकारी दर से चुकाना पड़ता है। यह राशि भी प्राइवेट डायलिसिस सेंटरों से बहुत कम है। इसी पैसे में उनकी दवाइयां और जांच भी शामिल होती है। पीपीपी मोड के तहत सदर अस्पताल में लोगों को डायलिसिस की सुविधा मिल रही है। जिले में यह सुविधा शुरू होने से काफी राहत मिली है।
एक दिन में दस मरीजों की डायलिसिस की सुविधा–
डायलिसिस के लिए अस्पताल में पांच बेड का वार्ड का बनाया गया है। इसमें से एक बेड हेपेटाइटिस बी के मरीजों के लिए सुरक्षित रखा गया है। यहां एक दिन में दस मरीजों की डायलिसिस की सुविधा है। एक डायलिसिस को करने में चार घंटे का समय लगता है। किडनी से ग्रसित मरीजों को हफ्ते में एक से तीन बार डायलिसिस करानी पड़ती है। यहां डायलिसिस में ईपीओ यानि हीमोडायलिसिस, सिंगल यूज ब्लड लाइन तरह की डायलिसिस के लिए उच्च गुणवत्ता वाली मशीन लगी है।
