महुआ के सिंघाड़ा स्थित ज्ञान ज्योति गुरुकुलम में चार दिवसीय राष्ट्रकथा शुरू
महुआ के सिंघाड़ा स्थित ज्ञान ज्योति गुरुकुलम में चार दिवसीय राष्ट्रकथा शुरू
वैदिक यज्ञ के साथ शुरू हुई राष्ट्रकथा में स्कूली बच्चों को दिया गया शिक्षा ज्ञान
महुआ। रेणु सिंह
स्थानीय सिंघाड़ा स्थित ज्ञान ज्योति गुरुकुलम पर मंगलवार को चार दिवसीय राष्ट्रकथा शुरू हुआ। जिसमें पहले दिन स्कूली बच्चों को शिक्षा ज्ञान से प्रेरित कराया गया। राष्ट्रकथा की शुरुआत वैदिक यज्ञ से हुई।
इस मौके पर मुख्य रूप से उपस्थित कथा वाचक आचार्य आनंद पुरुषार्थी ने बच्चों को शिक्षा अर्जित करने के लिए उन्हें लग्नशील, मेहनतशील होने के साथ सेवाशील होने की नसीहत दी। उन्होंने कहा कि शिक्षा के बिना मानव पशु के समान होता है। इसलिए हर व्यक्ति को शिक्षित होना जरूरी है।
उन्होंने बच्चों को शिक्षा अर्जित करने के लिए विभिन्न गुण सिखाए। ज्ञान ज्योति गुरुकुलम तथा जिला आर्य सभा के तत्वाधान में आयोजित इस राष्ट्रकथा में नेत्रपाल आर्य द्वारा संगीतमय प्रवचन का रसपान बच्चों को कराया गया। वही शाम में भजन और प्रवचन कार्यक्रम में लोगों की भीड़ उमड़ी। यहां पर लोगों ने कथा वाचक से मानव जीवन जीने की नसीहत ली। मौके पर अजीत कुमार आर्य, बैद्यनाथ राय आर्य, ब्रह्मानंद स्वामी ने कार्यक्रम में सहयोगात्मक भूमिका निभाई। यहां संगीतमय राष्ट्रकथा को लेकर लोगों में श्रद्धा और भक्ति सिर चढ़कर बोल रही है। कार्यक्रम में कथा श्रवन के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु और अभिभावक पहुंच रहे हैं।
