परोपकारी सभा ने महाकुंभ में खोई नेपाल की वृद्ध महिला को उसके घर तक पहुंचाया ।
रिपोर्ट सुधीर मालाकार।
महुआ (वैशाली) परोपकारी सभा, सिंघाड़ा ने ऐसा उपकार का कार्य किया है, जिसकी चर्चा सर्वत्र हो रही है। बताते चले कि महुआ क्षेत्र के सिंघाड़ा में संचालित परोपकारी सभा ने दो सौ श्रद्धालुओं की चार बसों द्वारा महाकुंभ तीर्थ यात्रा नौ फरवरी से तेरह फरवरी तक संचालित की थी ।पूरे तीर्थ यात्रा का संयोजक चंदेश्वर राय ने की थी।वही ज्ञान ज्योति गुरुकुलम,सिंघाड़ा के निर्देशक अजीत कुमार आर्य के कुशल नेतृत्व में सफलता पूर्वक सकुशल वापस लौट आई।इस यात्रा के दौरान ब्रह्मानंद स्वामी का संरक्षण में पूरी यात्रा सफल हुई । तीर्थ यात्रियों की बस प्रयागराज स्थित झूसी पूरे सूरदास पार्किंग में लगी हुई थी, वहीं पर नेपाल की रहने वाली बूढ़ी माता वासो कुमारी यादव जो पिछले 14 दिन पूर्व अपने परिजनों से बिछुड़ गई थी ,वहां आकर भाव विह्वल होकर रोने लगी, जिसे देखकर स्वामी जी एवं अजीत कुमार दोनों ने रोने का कारण पूछा तो उन्होंने बताया कि मैं 14 दिन पूर्व से अपने लोगों से बिछुड़ जाने के कारण भटक रही हूं ।कोई मुझे सहारा देने वाला नहीं है, मेरा घर नेपाल के सबतरी जिला,पंचायत तिलाठी कोलारी ,गांव तोपा में पड़ता है ।तब जाकर इन दोनों ने उसे बुढी माता जी को पुलिस रिपोर्ट कराते हुए ,अपने तीर्थ यात्री दल के साथ लेकर ज्ञान ज्योति गुरुकुलम लाई गई ,जहां पूरे मान सम्मान साथ अपने निजी गाड़ी से दरभंगा ले जाकर उन्हें उनके गांव तक पहुंचने वाली गाड़ी पर बैठा कर विदा किया। वह माताजी अब सकुशल अपने घर पहुंच चुकी है। उनके घर वालों ने फोन करके अजीत जी और उनके पूरे टीम को धन्यवाद दिया है।महाकुंभ जैसे बड़े मेले में खोना और पुनः अपने परिजनों तक पहुंचाना यह अपने आप में एक आश्चर्यजनक अद्भुत बात है,जिसकी चर्चा हर कोई अपनी जुबान से करके परोपकारी सभा के संचालक अजीत जी को बधाई दे रहा है।।